Friday, August 16, 2019

नया घर बनायें या बनाबनाया घर खरीदें महत्वपूर्ण जानकारी

नया घर बनायें या बनाबनाया घर खरीदें महत्वपूर्ण जानकारी 

नमस्कार दोस्तों जब हम नए घर के बारे में सोचते है तो अक्सर हमारे मन में यह सवाल उठता है की हमें जमींन लेकर नया घर बनाना चाहिए या फिर बना बनाया घर खरीदना चाहिए। जिनके पास बहुत पैसा होता है उन्हें तो सोचने की जरुरत नहीं होती वो तो महंगा बनाबनाया घर खरीद कर उसे तोड़ कर फिर से अपने हिसाब से बना लेते है लेकिन ज्यादातर आम लोग जीवन भर की कमाई जोड़ कर सिर्फ एक ही बार घर बना पाते है इसलिए आम लोग यही चाहते है  की उनके पास जितनी भी पूंजी है उसके हिसाब से वो अच्छे से अच्छा घर ले सके, लेकिन एक सवाल हमेशा मन में आता है की जमींन लेकर घर बनाये या फिर बना बनाया घर ख़रीदे  इसलिए इस पोस्ट में हम नया घर बनाये या बनाबनाया घर खरीदें इसे एक  तुलनात्मक अध्यन द्वारा जानने की कोशिश करते है। 




यदि हम बड़े मेट्रो शहरों  में घर लेना चाहते है तो इसके लिए हमारे पास कोई ज्यादा विकलप उपलब्ध नहीं होते है क्योकि बड़े शहरों में जमींन इतनी महंगी होती है की एक आम आदमी वहाँ जमीन खरीद कर घर बनाने के बारे में सोच भी नहीं सकता इसलिए बड़े शहरों में हमें बनाबनाया फ्लैट खरीदना ही सस्ता पड़ता है जो रेजिडेंशियल बिल्डिंग्स में होते है। लेकिन इन फ्लैट्स में वो सुविधाएँ कभी नहीं मिल पाती जो की हमें जमींन पर घर बनाकर मिलती है। लेकिन जब हम छोटे शहरों या गांव में रहते है तो वहां एक आम आदमी के लिए भी बहुत सारे ऑप्शन्स उपलब्ध होते है  क्योंकि हाँ पर जमीने मेट्रो शहरों की तरह बहुत महंगी नहीं होती।  

बहुत से लोग बनाबनाया घर खरीदना पसंद करते है क्योकि जमींन लेकर घर बनाने में बहुत ज्यादा समय लगता है और घर बनाने के लिए बहुत परेशानी उठानी पड़ती है इसलिए जिनके पास इतना समय नहीं होता की वो घर बनाने पर पूरा ध्यान और समय लगा सके वो फिर बना हुआ घर ही खरीदना पसंद करते है। 
 बने बनाये घर भी दो तरह के होते है 
  1. नए बने घर (ऐसे घर जो नए बने हो तथा जिनमे पहले कोई न रहता हो )
  2. पुराने बने घर (ऐसे घर जिनमे पहले कोई रहता हो )

बनाबनाया घर खरीदने के फायदे 

बनाबनाया घर खरीदने का सबसे बड़ा फायदा तो यही होता है की आप तुरंत उस घर में रहने के लिए शिफ्ट हो सकते है इसलिए यदि आप बहुत व्यस्त रहते है और आपके पास घर बनाने के लिए समय नहीं है या फिर आपको अर्जेंट में शिफ्ट करना है तो आप बनाबनाया घर खरीद सकते है इससे आप का समय तो बचता ही है इसके अलावा आप उन सब समस्याओं से भी बच जाते है जो की घर बनाते समय आती है। 


बनाबनाया घर खरीदने के नुक्सान 

बनाबनाया घर खरीदने के फायदों के साथ साथ नुक्सान भी होते है जिन पर हमें जरूर ध्यान देना चाहिए जिससे की हमें सही निर्णय लेने में मदद मिल सके, बनाबनाया घर खरीदने से होने वाले कुछ नुक्सान इस प्रकार है:- 

घर महंगा मिलता है 

बनाबनाया घर खरीदना जमींन लेकर घर बनाने से महंगा पड़ता है क्योकि कोई जब भी अपना घर बेचता है तो वो यही चाहता है की उसे घर की ज्यादा से ज्यादा कीमत मिल सके यदि किसी को अपने घर बनाने की लागत पर फायदा नहीं होता तो वो घर नहीं बेचता है। 
आजकल बहुत से लोग घर बना कर बेचने का काम करते है वो जमीन लेकर घर बनाते है और फायदे में बेच देते है फायदा कमाने के लिए वो खरीदी गयी जमींन और घर के कंस्ट्रक्शन की लागत दोनों पर फायदा कमाते है क्योकि घर बनाने में बहुत ज्यादा समय और मेहनत लगती है इसलिए बनेबनाये घर में जमींन और कन्स्ट्रक्शन की कीमत के अलावा घर बनाने में लगने वाले समय की कीमत भी जुडी होती है जिससे घर की कीमत बढ़ जाती है। 
इसके अलावा जब हम किसी का पुराना घर भी खरीदते है तो वो भी हमें सस्ता नहीं मिलता है क्योकि लोगो के घर का कंस्ट्रक्शन कितना भी पुराना क्यों न हो वो आज की कंस्ट्रक्शन रेट के हिसाब से ही कीमत चाहते है और उस कीमत पर मुनाफा भी कामना चाहते  है इसलिए बना बनाया घर हमेशा महंगा ही मिलता है। 

नोट :- यदि बना बनाया घर जरुरत से ज्यादा सस्ता मिले तो हमें  सावधान हो जाना चाहिए क्योकि घर सस्ता होने के पीछे कई कारण हो सकते है जैसे घर में कोई समस्या हो , पडोसी अच्छे नहीं हो , कोई क़ानूनी विवाद हो, बारिश में पानी भरता हो , वास्तु ठीक न हो , या फिर अन्य कोई मज़बूरी हो इसलिए जरुरत से ज्यादा सस्ते घर खरीदने से पहले पूरी जाँच पड़ताल कर लेनी चाहिए। 

घर की कमियों के बारे में पता नहीं होता 

जब हम बनाबनाया घर खरीदने के लिए घर देखने जाते है तो हम दो या तीन बार घर देख कर घर को पसंद कर लेते है लेकिन इस तरह से हमें घर की कमियों के बारे में पता नहीं चलता। किसी भी बने बनाये घर में कई तरह की कमियाँ हो सकती है जो की हमें सामने से देखने पर पता नहीं चलती लेकिन घर खरीदने के कुछ समय बाद जब हमें उन कमियों का पता चलता है तो हम कुछ नहीं कर पाते है ।
बहुत से लोग जो घर बनाकर बेचते है वो अधिक मुनाफा कमाने ले लिए घर में कम गुणवक्त्ता का सामान प्रयोग करते है जिससे उन्हें अधिक से अधिक मुनाफा हो सके इसके कारन घर में कई तरह की कमियां रह सकती है जैसे की हो सकता है की घर में लो क्वालिटी की ईटों का प्रयोग किया गया हो, प्लास्टर में सीमेंट का प्रयोग कम किया गया हो , RCC की छत में लोहे से सरिये कम डाले गए हो, लो क्वालिटी ड्रेनेज पाइप डाले गए हो , पानी बिजली की फिटिंग में तार, पाइप और अन्य मटेरियल लो क्वालिटी के प्रयोग किये गए हो। इस तरह से कई प्रकार की कमियां बने बनाये घर में हो सकती है जो की हमें सामने से देखने पर पता नहीं चलती। 

पुराना घर खरीदने के नुक्सान 

जब हम किसी का पुराना घर खरीदते है तो ऐसे घर बहुत कम होते है जिनमे हम तुरंत शिफ्ट कर सकते है अधिकांश घरो में हमें पहले उस घर को अपने हिसाब से ठीक करवाना पड़ता है घर में कई तरह की मर्रम्मत करवानी पड़ती है, अपनी जरुरत के हिसाब से कुछ नया कंस्ट्रक्शन भी करवाना पड़ता है , नया कलर करवाना पड़ता है उसके बाद कहीं जाकर नए घर की फिलिंग आती है और इन सब कामो में बहुत सारा पैसा अतिरिकत खर्च करना पड़ता है जिससे हमें पुराना घर खरीदना महंगा पड़ता है। 

इसके अलावा जब हम पुराना घर खरीदते है तो हमें ज्यादा पैसे चुकाकर भी पुराना कंस्ट्रक्शन लेना पड़ता है जिसमे की समय से साथ कई प्रकार की कमजोरियां आ चुकी होती है, हो सकता है की घर में सीलन आने लगी हो, प्लास्टर उखड़ने लगा हो, दीवारों में दरारें आ चुकी हो या फिर अन्य कोई कमी हो।


जमींन लेकर घर बनाने के फायदे 

जमींन लेकर घर बनाने के बहुत से फायदे होते है जिनके कारन ज्यादातर लोग बनाबनाया घर खरीदने के बजाये जमींन लेकर घर बनाना पसंद करते है। भारत के मेट्रो शहरों में बनेबनाये फ्लैट खरीदने का चलन अधिक है क्योकि वह जमीनें बहुत महंगी है लेकिन मेट्रो शहरों के अलावा अधिकांश भारत में ज्यादातर लोग जमींन लेकर घर बनाना ही पसंद करते है जमींन लेकर घर बनाने से होने वाले कुछ फायदे इस प्रकार है :-

घर बनाना सस्ता पड़ता है 



जमींन लेकर घर बनाने का सबसे बड़ा फायदा तो यही होता है की घर बनाना हमें सस्ता पड़ता है क्योकि घर बनाने का सारा सामान और रो-मटेरियल हम स्वयं ही लेकर आते है जो की हम उचित रेट देखकर लाते है और इसके अलावा हमें घर बनाने की मजदूरी का पैसा देना पड़ता है, मजदूरी का आजकल कॉन्ट्रैक्ट होता है जिसमे घर के स्क्वायर फ़ीट एरिया के हिसाब से रेट फिक्स होती है।  रो-मटेरियल और मजदूरी को जोड़ कर हमारे घर बनाने की कुल लागत निकल आती है, इस लागत मूल्य पर हमें किसी को कोई मुनाफा नहीं देना होता है जिसके कारन घर बनाना हमें सस्ता पड़ता है। 

घर की हर चीज हमारी पसंद और अच्छी क्वालिटी की होती है 

जब हम अपने घर का निर्माण स्वयं कराते है तब हम अपनी पसंद और जरूरतों के हिसाब से अपने घर का नक्शा बनाते है, हम सभी रो-मटेरियल और समान अच्छी क्वालिटी के लाते है जिससे लम्बे समय तक हमारा घर टिकाऊ बना रहता है और हमें भविष्य किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं होती, हम घर में कलर अपनी पसंद के हिसाब से करवा सकते है, हम अपने घर के हर हिस्से का निर्माण अपने परिवार के सदस्यों की  विशेष जरूरतों और पसंद को ध्यान में रखकर कर सकते है।  इस प्रकार जब घर का निर्माण होता है तो घर की क्वालिटी अच्छी होती है तथा ऐसे घर में लम्बे समय तक मेन्टेनन्स की जरुरत नहीं होती है। 

जमींन लेकर घर बनाने के नुक्सान 

जमींन लेकर घर बनाने के कोई ज्यादा नुक्सान नहीं होते है बल्कि इसमें तो फायदा ही होता है लेकिन इसमें कुछ दिक्कतें जरूर होती है जैसे की घर बनाने में समय बहुत ज्यादा लगता है इसलिए यदि किसी को अर्जेंट में कहीं पर शिफ्ट करना हो तो उसके लिए नया घर बनाना उपयुक्त नहीं होता है इसके अलावा यदि कोई बड़े बुजुर्ग या कोई महिला घर बनाना चाहते है तो उनके लिए भी यह आसान नहीं होता क्योकि घर बनाने के लिए बहुत परेशानी उठानी पड़ती है इनके अलावा जिन्हे घर बनाने सम्बंधित जानकारी नहीं होती उन्हें भी घर बनाने में बहुत परेशानी उठानी पड़ती है। 

इस प्रकार हम देखते है घर बनाना घर खरीदने से बेहतर विलल्प होता है पर कई बार समय और परिस्थितियों को ध्यान में रखकर बनाबनाया घर भी खरीदना पड़ता है। 

हमें  उम्मीद है की आपको घर खरीदने या घर बनाने सम्बंधित यह जानकारी पसंद आयी होगी यदि आपके इस पोस्ट से  सम्बंधित कोई भी सुझाव या सवाल है तो आप कमेंट बॉक्स में लिख सकते है।  इस पोस्ट को पूरा पढ़ने के लिए धन्यवाद।

धन्यवाद्
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