मेथनॉल के गुण उपयोग और अन्य जानकारी Methanol in Hindi

मेथनॉल के गुण उपयोग और अन्य जानकारी Methanol in Hindi

 

मेथनॉल क्या है (What is Methanol)

मेथनॉल एक कार्बनिक यौगिक है, इसका रासायनिक सूत्र CH3OH है। मेथनॉल को मिथाइल अल्कोहल, वुड अल्कोहल या वुड स्पिरिट के नाम से भी जाना जाता है। इसमें चार भाग हाइड्रोजन, एक भाग ऑक्सीजन और एक भाग कार्बन होता है, और यह अल्कोहल नामक कार्बनिक रसायनों के समूह का सबसे सरल सदस्य है। मेथनॉल एक जहरीला अल्कोहल होता है, जिसका उपयोग औद्योगिक रूप से विलायक, कीटनाशक और वैकल्पिक ईंधन स्रोत के रूप में किया जाता है। यह मनुष्यों, जानवरों और पौधों में भी स्वाभाविक रूप उत्पन्न से होता है। मेथनॉल एक रंगहीन, वाष्पशील, और ज्वलनशील तरल होता है। इथेनॉल के विपरीत, मेथनॉल मानव उपभोग के लिए अत्यंत जहरीला होता है। मेथनॉल वाष्प की उच्च सांद्रता में साँस लेना और त्वचा के माध्यम से मेथनॉल का अवशोषण इसका उपभोग करने जितना ही विषाक्त होता है।

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मेथनॉल के गुण (Properties of Methanol in Hindi)

  • मेथनॉल एक रंगहीन, वाष्पशील, और ज्वलनशील तरल होता है।
  • इसका घनत्व 792 किलोग्राम प्रति घन मीटर होता है।
  • सामान्य तापमान पर मेथनॉल तरल अवस्था में पाया जाता है, इसका गलनांक (Melting Point) -97.6 डिग्री सेल्सियस होता है, इससे कम तापमान पर यह ठोस अवस्था में पाया जाता है।
  • इसका क्वथनांक (Boiling Point) 64.7 डिग्री सेल्सियस होता है।
  • मेथनॉल में एथिल अल्कोहल जैसी हल्की मीठी तीखी गंध होती है।
  • मेथनॉल विषाक्त होता है, तथा इसकी वाष्प भी विषाक्त होती है।
  • मेथनॉल की वाष्प सामान्य हवा से कुछ भारी होती है, इसलिए यह एक जगह एकत्रित होकर तथा अग्नि का स्रोत प्राप्त होने पर विस्फोट का कारण बन सकती है। इसके अलावा इसकी वाष्प भारी होने के कारण बेसमेंट जैसे निचले स्थानों पर एकत्रित हो सकती है, जिससे ऐसे स्थानों पर विषाक्त वातावरण का निर्माण हो सकता है, जिसमे सांस लेना घातक हो सकता है।
  • यह जल, इथेनॉल, बेंजीन, ईथर में पूर्ण रूप से घुलनशील होता है, इसके अलावा यह एसीटोन और क्लोरोफॉर्म में भी घुलनशील होता है।
  • मेथनॉल एक बहुत अच्छा विलायक होता है।
  • मेथनॉल का फ्लैशपॉइंट 9.7 डिग्री सेल्सियस है।
  • मेथनॉल 464 डिग्री सेल्सियस के तापमान पर किसी बाहरी अग्नि स्रोत के बिना भी स्वतः ही प्रज्वलित हो जाता है।
  • मेथनॉल जल और जल आधारित तरल पदार्थो में घुलकर इनके जमाव बिंदु (Freezing Point) को कम कर देता है।
  • मेथनॉल के जलने पर नीली-बैंगनी रंग की लौ निकलती है, जो दिन की रौशनी में लगभग अद्रश्य होती है।
 

मेथनॉल के उपयोग (Uses of Methanol in Hindi)

  • मेथनॉल को मुख्य रूप से फॉर्मलाडेहाइड (Formaldehyde) में परिवर्तित किया जाता है, जिसका व्यापक रूप से कई क्षेत्रों में उपयोग किया जाता है, विशेष रूप से पॉलिमर उद्योग में।
  • मेथनॉल का उपयोग हाइड्रोकार्बन्स के उत्पादन में किया जाता है।
  • मेथनॉल जल में घुलकर इसके जमने के तापमान को कम कर देता है, इसलिए इसका उपयोग एंटीफ्रीज़ के रूप में किया जाता है। ठन्डे प्रदेशो में मेथनॉल का उपयोग गाड़ियों के विंडशील्ड वाशर लिक्विड में एंटीफ्रीज़ के रूप में किया जाता है, इसके अलावा इसे प्राकृतिक गैस पाइपलाइनों में भी इंजेक्ट किया जाता है, जहां यह तेल और गैस परिवहन के दौरान पाइपलाइनों में पानी को जमने से रोकता है।
  • यह प्लास्टिक, कार के पुर्जे और निर्माण सामग्री जैसे विभिन्न रोजमर्रा के उत्पादों के लिए एक रासायनिक बिल्डिंग ब्लॉक के रूप में उपयोग किया जाता है।
  • मेथनॉल मुख्य रूप से स्याही, रेजिन, अढेसिव और डाई बनाने में मदद करने के लिए एक औद्योगिक विलायक के रूप में उपयोग किया जाता है। इसके अलावा महत्वपूर्ण दवा सामग्री और उत्पाद जैसे कोलेस्ट्रॉल, स्ट्रेप्टोमाइसिन, विटामिन और हार्मोन के निर्माण में भी मेथनॉल एक विलायक के रूप में भी किया जाता है।
  • शुद्ध मेथनॉल का उपयोग वाहनों में तरल ईंधन के रूप में किया जाता है। एक अनुमान के अनुसार कुल उत्पादित मेथनॉल के 45 प्रतिशत से अधिक का उपयोग ईंधन के रूप में किया जाता है।
  •  व्यावसायिक रूप से उपयोग किये जाने वाले रसायनों जैसे फॉर्मलाडेहाइड, एसिटिक एसिड और कुछ भारी रसायनों जैसे मिथाइल तृतीयक ब्यूटाइल ईथर और अन्य पॉलिमर के उत्पादन के लिए मेथनॉल का उपयोग किया जाता है।
  • कई स्टोव आधारित खाना पकाने के उपकरणों में मेथनॉल का उपयोग ईंधन के स्रोत के रूप में किया जाता हैं।
  • मेथनॉल का उपयोग इत्र उद्योग में एक घटक के रूप में भी किया जाता है।
  • कुछ अपशिष्ट जल उपचार संयंत्रों में, मेथनॉल की एक छोटी मात्रा को अपशिष्ट जल में मिलाया जाता है ताकि डिनाइट्रिफाइंग बैक्टीरिया के लिए कार्बन खाद्य स्रोत प्रदान किया जा सके, जो नाइट्रेट्स को नाइट्रोजन गैस में परिवर्तित करते हैं और संवेदनशील एक्वीफर्स के नाइट्रिफिकेशन को कम करते हैं।

 

अन्य जानकारी (Other information)

अधिकांश मेथनॉल का उत्पादन पेड़-पौधों और कृषि आधारित उत्पादों के द्वारा किया जाता है, इसलिए मेथनॉल को एक अक्षय ऊर्जा स्रोत के रूप में देखा जाता है। पारंपरिक ईंधन की तुलना में, मेथनॉल कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन में 95% तक की कटौती करता है, नाइट्रोजन ऑक्साइड उत्सर्जन को 80% तक कम करता है, और सल्फर ऑक्साइड और पार्टिकुलेट मैटर उत्सर्जन को पूरी तरह से समाप्त करता है। मेथनॉल का व्यवसायिक रूप से उत्पादन करने के लिए कार्बन मोनोऑक्साइड और हाइड्रोजन गैस की उत्प्रेरक  के ऊपर प्रतिक्रिया करवायी जाती है, इस प्रक्रिया में कॉपर और जिंक ऑक्साइड के मिश्रण को उत्प्रेरक के रूप में उपयोग किया जाता है।   CO + 2H2 → CH3OH.   यह भी पढ़ें 

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